अमेरिका में आगामी मध्यावधि चुनावों से पहले राजनीतिक माहौल पूरी तरह गर्मा गया है। ऐसे में डलास में आयोजित रिपब्लिकन पार्टी के एक बड़े सम्मेलन के दौरान अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मौजूदगी में एक बड़ा और चौंकाने वाला बयान दिया है। वेंस ने खुले तौर पर दावा किया है कि वे ही राष्ट्रपति ट्रंप के असली उत्तराधिकारी हैं।
सम्मेलन के दौरान वेंस के भाषण पर पूरा हॉल तालियों और ‘जेडी-जेडी’ के नारों से गूंज उठा। अपने आक्रामक भाषण में वेंस ने विपक्षी डेमोक्रेट्स पार्टी पर तीखा हमला बोलते हुए उन्हें ‘सिरफिरा’ करार दिया। उन्होंने आत्मविश्वास जताते हुए कहा कि वे राष्ट्रपति ट्रंप (जिन्हें उन्होंने ‘बॉस’ कहा) की नीतियों को आगे बढ़ाने और उन्हें पूरी तरह लागू करने में पूरी तरह सक्षम हैं।
वेंस के इस बड़े बयान के क्या मायने हैं?
राजनीतिक जानकारों का कहना है कि रिपब्लिकन पार्टी को आगामी मिडटर्म चुनावों में हार का अंदेशा सता रहा है। ऐसे में वेंस अभी से ही दो साल बाद होने वाले अगले राष्ट्रपति चुनाव के लिए अपनी उम्मीदवारी मजबूत करने में जुट गए हैं।
कट्टरपंथियों में पैठ बनाने की कोशिश
दूसरी तरफ गौर करने वाली बात यह है कि ट्रंप के समर्थकों का एक बहुत बड़ा और प्रभावशाली वर्ग मेक अमेरिका ग्रेट अगेन ‘MAGA’ अब भविष्य के लिए एक नए चेहरे की तलाश में है। रोमन कैथोलिक पृष्ठभूमि वाले जेडी वेंस खुद को ट्रंप की विरासत के एकमात्र वारिस के रूप में पेश करके इसी कट्टरपंथी धड़े में अपनी पकड़ मजबूत कर रहे हैं।
ट्रंप की तीसरी बार उम्मीदवारी पर पेंच
गौरतलब है कि अमेरिकी संविधान के नियमों के अनुसार कोई भी व्यक्ति अधिकतम दो बार ही राष्ट्रपति बन सकता है। ट्रंप को तीसरी बार चुनाव लड़ने के लिए संविधान में संशोधन कराना होगा, जिसके लिए संसद में दो-तिहाई बहुमत की जरूरत पड़ेगी। यही वजह है कि ट्रंप ने अब तीसरी बार उम्मीदवारी को लेकर बयान देना लगभग बंद कर दिया है।
उधर, रिपब्लिकन पार्टी के भीतर इस उत्तराधिकार की लड़ाई में विदेश मंत्री मार्को रूबियो भी एक बहुत बड़ा नाम हैं। वे ट्रंप प्रशासन के दूसरे सबसे कद्दावर नेता माने जाते हैं, ऐसे में वेंस का यह दावा पार्टी के भीतर नेतृत्व की खींचतान को भी साफ तौर पर उजागर करता है।
Live Halchal Latest News, Updated News, Hindi News Portal