पश्चिम एशिया में जारी जंग के बीच दुनियाभर में फ्यूल सप्लाई चेन बाधित हुई है। इस बीच एक एनर्जी कंपनी पुणे गैस ने केंद्र सरकार एलपीजी के कुशल इस्तेमाल के लिए पॉलसी बनाने की मांग की है।
पुणे गैस ने पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय को एक प्रस्ताव सौंपकर कहा है कि भारत में LPG एफिशिएंसी पॉलिसी फ्रेमवर्क बनाया जाए। कंपनी ने कहा कि कमर्शियल सिलिंडर की कीमत साल की शुरुआत में 1884 रुपये थी, जो अब बढ़कर 3100 रुपये हो गई है। इसका असर रेस्तरां, अस्पताल और दूसरे सेक्टर्स पर पड़ा है।
पुणे गैस ने भेजा प्रस्ताव
पुणे गैस ने तर्क दिया है कि देश की ऊर्जा क्षमता को मजबूत करने के लिए एलपीजी के इस्तेमाल की क्षमता को बेहतर बनाने की जरूरत है। कंपनी ने कहा की इस व्यापक फ्रेमवर्क का मकसद एलपीजी की बर्बादी को रोकना, स्टैंडर्डाइज करना और कमर्शियल या इंडस्ट्रियल प्रतिष्ठानों में अधिक कुशल एलपीजी इंफ्रा तैयार करना होना चाहिए।
प्रस्ताव में कहा गया है कि इंडस्ट्री में 47.5 किलोग्राम वाले LOT सिलिंडर को बढ़ावा दिया जाए, क्योंकि ये सिलिंडर बर्बादी कम करने, चोरी रोकने, LPG सप्लाई के बेहतर इस्तेमाल के लिए महत्वपूर्ण हैं। सरकार से कुशल एलपीजी सिस्ट अपनाने में तेजी लाने के लिए पॉलिसी इंसेंटिव देने की भी बात कही गई है।
पुणे गैस ने ‘LPGenius’ का भी जिक्र किया है, जो एक स्वदेशी LPG मैनेजमेंट सिस्टम है। कंपनी ने कहा है कि वह पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय और तेल मार्केटिंग कंपनियों के साथ मिलकर काम करने के लिए तैयार है, जिसमें वे फील्ड डेटा जुटाने और केस स्टडीज में मदद करेंगे।
Live Halchal Latest News, Updated News, Hindi News Portal