मास्टर प्लान – Live Halchal https://livehalchal.com Latest News, Updated News, Hindi News Portal Tue, 02 Dec 2025 05:29:03 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=6.9.9 https://livehalchal.com/wp-content/uploads/2023/10/cropped-Live-Halchal-512-32x32.jpg मास्टर प्लान – Live Halchal https://livehalchal.com 32 32 यूपी: सीएम योगी को लेकर संघ ने बनाया मास्टर प्लान https://livehalchal.com/%e0%a4%af%e0%a5%82%e0%a4%aa%e0%a5%80-%e0%a4%b8%e0%a5%80%e0%a4%8f%e0%a4%ae-%e0%a4%af%e0%a5%8b%e0%a4%97%e0%a5%80-%e0%a4%95%e0%a5%8b-%e0%a4%b2%e0%a5%87%e0%a4%95%e0%a4%b0-%e0%a4%b8%e0%a4%82%e0%a4%98/646535 Tue, 02 Dec 2025 05:29:01 +0000 https://livehalchal.com/?p=646535 प्रदेश में 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारी को लेकर भाजपा, आरएसएस और राज्य सरकार अब सक्रिय मोड में आ गए हैं। हिंदू समाज में जातिगत विभाजनों को कम करते हुए व्यापक एकजुटता बनाने की रणनीति पर शीर्ष नेतृत्व ने सोमवार को सीएम आवास पर विस्तृत चर्चा की। सूत्रों के अनुसार, चर्चा का …]]>

प्रदेश में 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारी को लेकर भाजपा, आरएसएस और राज्य सरकार अब सक्रिय मोड में आ गए हैं। हिंदू समाज में जातिगत विभाजनों को कम करते हुए व्यापक एकजुटता बनाने की रणनीति पर शीर्ष नेतृत्व ने सोमवार को सीएम आवास पर विस्तृत चर्चा की। सूत्रों के अनुसार, चर्चा का सबसे अहम मुद्दा जनवरी में लखनऊ में प्रस्तावित बड़े हिंदू सम्मेलन की तैयारियां रही। शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित होने जा रहे इस आयोजन में मुख्यमंत्री योगी को हिंदुत्व के प्रमुख चेहरे के रूप में प्रोजेक्ट किए जाने के संकेत हैं।

दो घंटे चली बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ आरएसएस के सह सरकार्यवाह अरुण कुमार और भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री (संगठन) बीएल संतोष भी थे। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक के अलावा पूर्वी उत्तर प्रदेश के क्षेत्र प्रचारक अनिल कुमार, पश्चिम के क्षेत्र प्रचारक महेंद्र कुमार, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी और महामंत्री (संगठन) धर्मपाल सिंह भी शामिल रहे। अगस्त 2024 के बाद यह पहली विशेष समन्वय बैठक थी, जिसने मिशन 2027 को लेकर पार्टी की सक्रियता को स्पष्ट किया है।

संघ के ‘पंच प्रण’ और सम्मेलन की तैयारी
जनवरी में होने वाले सम्मेलन में आरएसएस के पंच प्रण सामाजिक समरसता, कुटुंब प्रबोधन, पर्यावरण संरक्षण, स्वदेशी आचरण और नागरिक कर्तव्य को जन-जन तक पहुंचाने पर जोर रहेगा। शताब्दी वर्ष के कार्यक्रमों के तहत संघ का मुख्य फोकस जातियों में बंटे हिंदू समाज को एक मंच पर लाना है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री भी घुसपैठ और अन्य हिंदू हितों से जुड़े मुद्दों पर मुखर भूमिका निभा रहे हैं।

एसआईआर, समन्वय और विधायकों की सक्रियता पर चर्चा
बैठक में एसआईआर से जुड़ी कार्यप्रणाली पर भी मंथन हुआ। एसआईआर में कम सक्रियता दिखाने वाले विधायकों को सचेत करने, सरकार, संगठन, संघ के पदाधिकारियों को और सक्रिय करने पर बात हुई। प्रभारी मंत्रियों को जिलों में विभागीय बैठकों के बाद संघ पदाधिकारियों से भी समन्वय बैठक करने जैसे बिंदुओं पर सहमति बनी। सूत्रों का कहना है कि बैठक में आगामी दिनों में सरकार और संगठन में संभावित फेरबदल पर भी प्रारंभिक रायशुमारी हुई। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष का चुनाव, मंत्रिमंडल में संभावित बदलाव, जैसे मुद्दों पर विचार-विमर्श कर शीर्ष नेतृत्व को रिपोर्ट भेजे जाने की तैयारी है।

संघ कार्यालय से मिले फीडबैक की समीक्षा
सीएम आवास पर बैठक से पहले अरुण कुमार और बीएल संतोष ने भारती भवन (संघ कार्यालय) में कई नेताओं से मुलाकात कर प्रदेश की राजनीतिक और संगठनात्मक स्थिति पर फीडबैक लिया। पूर्वी व पश्चिमी यूपी के क्षेत्र प्रचारकों के साथ बंद कमरे की बैठक में शाखाओं के विस्तार, स्वयंसेवकों की सक्रियता और सामाजिक समरसता जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई। संघ के मजदूर, शिक्षा, व्यापारिक और अन्य समूहों से मिले फीडबैक को भी सीएम के समक्ष रखा गया, ताकि सरकार जमीनी जरूरतों के अनुसार कार्य कर सके। बैठक में यह भी संकेत मिला कि जल्द ही निगमों, आयोगों और बोर्डों में भाजपा के पुराने व अनुभवी कार्यकर्ताओं को स्थान दिया जा सकता है।

]]>
भोपाल और इंदौर के मास्टर प्लान की ड्रॉफ्ट रिपोर्ट तैयार, जनता से दावे-आपत्ति मांगने जल्द करेंगे प्रकाशित https://livehalchal.com/%e0%a4%ad%e0%a5%8b%e0%a4%aa%e0%a4%be%e0%a4%b2-%e0%a4%94%e0%a4%b0-%e0%a4%87%e0%a4%82%e0%a4%a6%e0%a5%8c%e0%a4%b0-%e0%a4%95%e0%a5%87-%e0%a4%ae%e0%a4%be%e0%a4%b8%e0%a5%8d%e0%a4%9f%e0%a4%b0-%e0%a4%aa/607662 Thu, 27 Mar 2025 07:33:34 +0000 https://livehalchal.com/?p=607662 मध्य प्रदेश के प्रमुख शहरों भोपाल और इंदौर के लिए नया मास्टर प्लान का ड्रॉफ्ट तैयार हो गया है, जिसे जल्द ही जनता की दावे-आपत्ति के लिए प्रकाशित किया जाएगा। मध्य प्रदेश के भोपाल और इंदौर के मास्टर प्लान की ड्रॉफ्ट रिपोर्ट तैयार कर ली गई है। यह रिपोर्ट मार्च महीने के अंत तक जारी …]]>

मध्य प्रदेश के प्रमुख शहरों भोपाल और इंदौर के लिए नया मास्टर प्लान का ड्रॉफ्ट तैयार हो गया है, जिसे जल्द ही जनता की दावे-आपत्ति के लिए प्रकाशित किया जाएगा।

मध्य प्रदेश के भोपाल और इंदौर के मास्टर प्लान की ड्रॉफ्ट रिपोर्ट तैयार कर ली गई है। यह रिपोर्ट मार्च महीने के अंत तक जारी करने का एलान नगरीय विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय द्वारा किया गया था। अब विभाग के अधिकारी जनता के दावे-आपत्ति मंगाने के लिए इसे जल्द ही प्रकाशित करेंगे। इंदौर का मास्टर प्लान ड्रॉफ्ट पहले जारी किया जाएगा, उसके बाद भोपाल का ड्रॉफ्ट प्रकाशित किया जाएगा।

इस नए मास्टर प्लान में शहरों के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण बदलाव प्रस्तावित किए गए हैं, जिनमें सड़क निर्माण और हरियाली के अलावा अब विभिन्न वाणिज्यिक और सार्वजनिक सुविधाओं के लिए जोनिंग का भी प्रावधान किया गया है। मास्टर प्लान के तहत कॉलोनियों में चौड़ी सड़कों के साथ हाइराइज बिल्डिंग्स, मॉल, शॉपिंग कॉम्प्लेक्स और आईटी हब जैसी सुविधाएं भी होंगी। इन बदलावों से शहरवासियों को बेहतर आवागमन और रोजगार की सुविधाएं मिल सकेंगी।

मास्टर प्लान का मुख्य उद्देश्य रोजगार आधारित विकास करना है, जिसमें नॉन-पॉल्यूटेड इंडस्ट्री और मल्टी-स्टोरी इंडस्ट्री के लिए जगह मिलेगी। कॉलोनियों में हरियाली को बढ़ावा देने के लिए पौधरोपण और ओपन स्पेस को महत्व दिया जाएगा। इसके साथ ही, जोन आधारित विकास के तहत नॉलेज जोन, आईटी जोन और मैकेनिकल मार्केट जैसे क्षेत्रों की पहचान की गई है। जल्द ही यह ड्रॉफ्ट रिपोर्ट दावे-आपत्ति के लिए प्रकाशित की जाएगी और लोगों से सुझाव लिए जाएंगे, ताकि मास्टर प्लान को और अधिक प्रभावी और लाभकारी बनाया जा सके।

19 साल से अटका है मास्टर प्लान
भोपाल का मास्टर प्लान 19 साल से अटका हुआ है। इस बीच चार बार भोपाल के मास्टर प्लान का प्रारूप जारी हो चुका है, लेकिन लागू होने के पहले ही कई बाधाएं सामने आ जाती हैं। ऐसे में बिना मास्टर प्लान के शहर का विकास हो रहा है। इससे आने वाले समय में जनता को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। दरअसल, भोपाल का मास्टर प्लान 1995 में लागू हुआ था, जिसकी समय अवधि दिसंबर 2005 में समाप्त हो गई है। प्लान के लागू होने के समय शहर की आबादी 15 लाख के आसपास थी। ऐसे में उस समय के प्लान के अनुसार ही शहर में विकास हो रहा है।

]]>
बर्फबारी के चलते रुके बदरीनाथ में मास्टर प्लान के कार्य फिर से शुरू https://livehalchal.com/uk-189/552107 Sun, 07 Apr 2024 06:19:48 +0000 https://livehalchal.com/?p=552107 बदरीनाथ धाम में मास्टर प्लान के तहत प्रथम फेज के कार्य अंतिम चरण में हैं। पुनर्निर्माण कार्यों के लिए धाम में सौ से अधिक मजदूर पहुंच चुके हैं। द्वितीय फेज के तहत ध्वस्तीकरण कार्य किया जा रहा है। बदरीनाथ धाम में मास्टर प्लान के कार्य फिर से शुरू हो गए हैं। धाम में पुनर्निर्माण कार्यों …]]>

बदरीनाथ धाम में मास्टर प्लान के तहत प्रथम फेज के कार्य अंतिम चरण में हैं। पुनर्निर्माण कार्यों के लिए धाम में सौ से अधिक मजदूर पहुंच चुके हैं। द्वितीय फेज के तहत ध्वस्तीकरण कार्य किया जा रहा है।

बदरीनाथ धाम में मास्टर प्लान के कार्य फिर से शुरू हो गए हैं। धाम में पुनर्निर्माण कार्यों के लिए 100 से अधिक मजदूर पहुंच चुके हैं। साथ ही अन्य मजदूर भी लगातार पहुंच रहे हैं। कड़ाके की ठंड और बर्फबारी के चलते दिसंबर माह में बदरीनाथ धाम में मास्टर प्लान के कार्य रोक दिए गए थे।

अब मौसम धीरे-धीरे अनुकूल हो रहा है। जिसके चलते प्रशासन ने मास्टर प्लान के कार्य फिर शुरू करवा दिए हैं। धाम में द्वितीय चरण के तहत होने वाले कार्यों को लेकर ध्वस्तीकरण कार्य शुरू कर दिया गया है। बदरीनाथ धाम में मास्टर प्लान के तहत प्रथम फेज के कार्य अंतिम चरण में हैं। जिसमें शेष नेत्र झील, बदरीश झील का सौंदर्यीकरण, अराइवल प्लाजा, अंतरराष्ट्रीय बस अड्डा, रिवर फ्रंट डेवलपमेंट आदि के कार्य किया जा रहा है। वहीं द्वितीय चरण में मंदिर परिसर का सौंदर्यीकरण आदि कार्य किए जाने हैं।

एसडीएम चंद्रशेखर वशिष्ट ने बताया कि धाम में 100 से अधिक मजदूर पहुंच चुके हैं। धाम में द्वितीय फेज के तहत ध्वस्तीकरण कार्य किया जा रहा है। धाम में जैसे-जैसे मौसम अनुकूल होता जाएगा मजदूरों की संख्या भी बढ़ती जाएगी।

]]>
पीएम मोदी ने साबरमती आश्रम के कायाकल्प के मास्टर प्लान का किया शुभारंभ https://livehalchal.com/%e0%a4%aa%e0%a5%80%e0%a4%8f%e0%a4%ae-%e0%a4%ae%e0%a5%8b%e0%a4%a6%e0%a5%80-%e0%a4%a8%e0%a5%87-%e0%a4%b8%e0%a4%be%e0%a4%ac%e0%a4%b0%e0%a4%ae%e0%a4%a4%e0%a5%80-%e0%a4%86%e0%a4%b6%e0%a5%8d%e0%a4%b0/547543 Tue, 12 Mar 2024 11:00:18 +0000 https://livehalchal.com/?p=547543 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात को बड़ी सौगात देते हुए 85 हजार करोड के विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 10 नई वंदे भारत ट्रेनों को हरी झंडी भी दिखाई। पीएम 51 गति शक्ति मल्टी-मॉडल कार्गो टर्मिनल भी राष्ट्र को समर्पित करेंगे। पीएम मोदी अहमदाबाद में डेडिकेटेड फ्रेट …]]>

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात को बड़ी सौगात देते हुए 85 हजार करोड के विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 10 नई वंदे भारत ट्रेनों को हरी झंडी भी दिखाई। पीएम 51 गति शक्ति मल्टी-मॉडल कार्गो टर्मिनल भी राष्ट्र को समर्पित करेंगे। पीएम मोदी अहमदाबाद में डेडिकेटेड फ्रेट कारिडोर (डीएफसी) के आपेरशन कंट्रोल सेंटर का दौरा करेंगे

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज गुजरात दौरे पर हैं। इस दौरान उन्होंने 10 वंदे भारत ट्रेन को हरी झंडी दिखाई और साथ ही उन्होंने 85 हजार करोड़ के प्रोजेक्ट का शुभारंभ भी किया।

इसके बाद पीएम मोदी साबरमती में महात्मा गांधी के आश्रम पहुंचे। जहां उन्होंने आश्रम में एक पौधा लगाया। इसके बाद उन्होंने वहां की जनता को भी संबोधित किया।

साबरमती आश्रम का होगा कायाकल्प

पीएम मोदी ने कहा, “पूज्य बापू के ये साबरमती आश्रम हमेशा से ही एक अप्रतिम ऊर्जा का जीवंत केंद्र रहा है। हर किसी को जब-जब यहां आने का अवसर मिलता है, तो बापू की प्रेरणा हम अपने भीतर स्पष्ट रूप से अनुभव कर सकते हैं।”

उन्होंने कहा, “आज 12 मार्च की ऐतिहासिक तारीख भी है। आज के ही दिन बापू ने स्वतंत्रता आंदोलन की धारा को बदला और दांडी यात्रा स्वतंत्रता के आंदोलन के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों में अंकित हो गई। पूज्य बापू का ये साबरमती आश्रम सदैव अतुल्य ऊर्जा का जीवंत केंद्र रहा है। जब भी हम यहां आते हैं तो हम बापू की प्रेरणा को अपने भीतर महसूस कर सकते हैं।”

‘साबरमती से शुरू हुआ अमृत महोत्सव’

पीएम मोदी ने कहा, “आजाद भारत में भी ये तारीख ऐसे ही ऐतिहासिक अवसर के नए युग का सूत्रपात करने की गवाह बन चुकी है। 12 मार्च, 2022 को इसी साबरमती आश्रम से देश ने आजादी के अमृत महोत्सव का शुभारंभ किया था। दांडी यात्रा ने आजाद भारत की पुण्यभूमि तय करने में एक अहम भूमिका निभाई थी और अमृत महोत्सव के शुभारंभ ने अमृतकाल में भारत के प्रवेश का श्रीगणेश किया। अमृत महोत्सव ने देश में जन-भागीदारी का वैसा ही वातावरण बनाया, जैसा आजादी से पहले दिखा था।”

उन्होंने कहा, “आजादी के अमृत काल’ में 3 करोड़ से ज्यादा लोगों ने ‘पंच प्रण’ का संकल्प लिया। इस दौरान देश में 2 लाख से अधिक अमृत वाटिकाओं का निर्माण किया गया। 2 करोड़ से अधिक पेड़ लगाए गए और जल संरक्षण की दिशा में कई क्रांतिकारी कदम उठाए गए। गौरतलब है कि देश में 70 हजार से ज्यादा अमृत सरोवर बनाये गये।”

पीएम मोदी ने कहा, “इसी दौरान ‘हर घर तिरंगा’ पूरे देश में राष्ट्रभक्ति की अभिव्यक्ति का एक बहुत बड़ा सशक्त माध्यम बन गया था। मेरी माटी-मेरा देश अभियान के तहत करोड़ों देशवासियों ने देश के बलिदानियों को श्रद्धांजलि दी।”

साबरमती आश्रम का महत्व बताते हुए पीएम मोदी ने कहा, “जो देश अपनी विरासत नहीं संजो पाता, वो देश अपना भविष्य भी खो देता है। बापू का ये साबरमती आश्रम, देश की ही नहीं, बल्कि मानवजाति की ऐतिहासिक धरोहर है। आजादी के बाद जो सरकारें रहीं, उनमें देश की ऐसी विरासत को बचाने की न सोच थी और न ही राजनीतिक इच्छाशक्ति थी। एक तो विदेशी दृष्टि से भारत को देखने की आदत थी और दूसरी तुष्टिकरण की मजबूरी थी। अतिक्रमण, अस्वच्छता, अव्यवस्था आदि ने हमारी विरासतों को घेर लिया था।”

85 हजार करोड़ के प्रोजेक्ट का किया शुभारंभ

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को गुजरात में 85 हजार करोड़ के विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस दौरान पीएम मोदी ने 10 नई वंदे भारत ट्रेनों को हरी झंडी भी दिखाई।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि विकसित भारत के लिए हो रहे नव निर्माण का लगातार विस्तार हो रहा है। मैं आज देश को गारंटी दे रहा हूं कि अगले 5 साल में आप भारतीय रेल का ऐसा कायाकल्प होते देखेंगे, जिसकी आपने कल्पना भी नहीं की होगी।

पीएम मोदी ने कहा, “विकसित भारत के लिए हो रहे नव निर्माण का लगातार विस्तार हो रहा है। देश के कोने-कोने में परियोजनाओं का लोकार्पण हो रहा है, नई योजनाएं शुरू हो रही हैं। अगर मैं साल 2024 की ही बात करूं, तो इन करीब 75 दिन में 11 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास हो चुका है। अकेले पिछले 10-12 दिन में ही 7 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास हुआ है।”

उन्होंने कहा, “आज भी विकसित भारत की दिशा में देश ने एक बहुत बड़ा कदम उठाया है। इस कार्यक्रम में आज यहां 1 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास हुआ है। इनमें से 85 हजार करोड़ रुपये से अधिक के रेलवे प्रोजेक्ट्स आज देश को मिले हैं।”

पीएम मोदी ने कहा, “भारत एक युवा देश है, यहां बहुत बड़ी संख्या में युवा यहां रहते हैं। मैं खासतौर से मेरे युवा साथियों से कहना चाहता हूं कि आज जो लोकार्पण हुआ है वो आपके वर्तमान के लिए है, और आज जो शिलान्यास हुआ है वो आपके उज्ज्वल भविष्य की गारंटी लेकर आया है।”

रेल विस्तार का किया जिक्र

रेलवे विस्तार पर बोलते हुए उन्होंने कहा, “2014 से पहले देश में नॉर्थ ईस्ट के 6 राज्य ऐसे थे, जहां की राजधानी हमारे देश के रेलवे से नहीं जुड़ी थी। 2014 में देश में 10 हजार से ज्यादा मानव-रहित रेलवे फाटक थे, वहां लगातार एक्सीडेंट होते थे। 2014 में सिर्फ 35% रेल लाइनों का विद्युतीकरण हुआ था। रेल लाइनों का दोहरीकरण पहले की सरकारों की प्राथमिकता में ही नहीं था।”

उन्होंने कहा, “रेलवे का विकास हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है। हमने 10 वर्षों में औसत रेल बजट को 2014 से पहले की तुलना में 6 गुना ज्यादा बढ़ाया है। रेलवे का कायाकल्प भी विकसित भारत की गारंटी है। आज रेलवे में अभूतपूर्व गति से नए रिफॉर्म्स हो रहे हैं। तेज गति से नए रेलवे ट्रैक का निर्माण, 1300 से ज्यादा रेलवे स्टेशनों के आधुनिकीकरण, वंदे भारत, नमो भारत, अमृत भारत जैसी नेक्स्ट जेनरेशन ट्रेन, आधुनिक रेलवे इंजन और कोच फैक्ट्रियां, ये सब 21वीं सदी की भारतीय रेल की तस्वीर बदल रही हैं।”

इन रास्तों से गुजरेगी नई वंदे भारत ट्रेन

पीएम मोदी ने अहमदाबाद-मुंबई सेंट्रल, सिकंदराबाद-विशाखापत्तनम, मैसूरु-डॉ एमजीआर सेंट्रल (चेन्नई), पटना-लखनऊ, न्यू जलपाईगुड़ी-पटना, पुरी-विशाखापत्तनम, लखनऊ-देहरादून, कलबुर्गी-सर एम विश्वेश्वरैया टर्मिनल बेंगलुरु, रांची-वाराणसी, खजुराहो- दिल्ली (निज़ामुद्दीन) के बीच दस नई वंदे भारत ट्रेनों को भी हरी झंडी दिखाई।

प्रधानमंत्री ने चार वंदे भारत ट्रेनों के विस्तार को हरी झंडी दिखाई। अहमदाबाद-जामनगर वंदे भारत को द्वारका तक बढ़ाया जा रहा है, अजमेर- दिल्ली सराय रोहिल्ला वंदे भारत को चंडीगढ़ तक बढ़ाया जा रहा है, गोरखपुर-लखनऊ वंदे भारत को प्रयागराज तक बढ़ाया जा रहा है और तिरुवनंतपुरम- कासरगोड वंदे भारत को मंगलुरु तक बढ़ाया जा रहा है; और आसनसोल और हटिया तथा तिरूपति और कोल्लम स्टेशनों के बीच दो नई यात्री ट्रेनें भी चलाई जाएंगी।

उन्होंने विभिन्न स्थानों, न्यू खुर्जा जंक्शन, साहनेवाल, न्यू रेवाड़ी, न्यू किशनगढ़, न्यू घोलवड और न्यू मकरपुरा से डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर पर मालगाड़ियों को भी हरी झंडी दिखाई।

]]>
बदरीनाथ : कड़ाके की ठंड ने रोका मास्टर प्लान का काम https://livehalchal.com/%e0%a4%ac%e0%a4%a6%e0%a4%b0%e0%a5%80%e0%a4%a8%e0%a4%be%e0%a4%a5-%e0%a4%95%e0%a4%a1%e0%a4%bc%e0%a4%be%e0%a4%95%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a5%80-%e0%a4%a0%e0%a4%82%e0%a4%a1-%e0%a4%a8%e0%a5%87/537794 Sat, 20 Jan 2024 07:48:36 +0000 https://livehalchal.com/?p=537794 इन दिनों धाम में द्वितीय चरण के काम चल रहे थे जबकि प्रथम चरण के काम को भी अंतिम रूप दिया जा रहा था लेकिन धाम में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। बदरीनाथ धाम में कड़ाके की ठंड के चलते मास्टर प्लान के कार्य रुक गए हैं। धाम में काम करने वाले 80 मजदूर …]]>

इन दिनों धाम में द्वितीय चरण के काम चल रहे थे जबकि प्रथम चरण के काम को भी अंतिम रूप दिया जा रहा था लेकिन धाम में कड़ाके की ठंड पड़ रही है।

बदरीनाथ धाम में कड़ाके की ठंड के चलते मास्टर प्लान के कार्य रुक गए हैं। धाम में काम करने वाले 80 मजदूर और इंजीनियर लौट गए हैं। अब अप्रैल माह से यहां काम शुरू होगा।

बदरीनाथ धाम में प्रधानमंत्री नरेंद्र ड्रीम प्रोजेक्ट के तहत बदरीनाथ महायोजना के काम को कड़ाके की ठंड ने रोक दिया है। इन दिनों धाम में द्वितीय चरण के काम चल रहे थे जबकि प्रथम चरण के काम को भी अंतिम रूप दिया जा रहा था लेकिन धाम में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। ऐसे में अब वहां रहकर काम करना मजदूरों व इंजीनियरों के लिए संभव नहीं था। इस कारण परियोनजा के काम में लगे लोनिवि पीआईयू के 80 मजदूर व इंजीनियर लौट गए हैं।

धाम में इन दिनों सौंदर्यीकरण, रिवर फ्रंट आदि के काम चल रहे थे लेकिन पिछले दिनों हुई बर्फबारी के बाद यहां कड़ाके की ठंड पड़ रही है। ठंड में मशीन ऑपरेटर, मजदूर व इंजीनियरों के लिए काम करना संभव नहीं हो पा रहा था। लोनिवि के अधिशासी अभियंता विपुल सैनी ने बताया कि ठंड अधिक होने के चलते धाम में निर्माण कार्य रोक दिए गए हैं और मजदूर व कर्मचारी लौट गए हैं।

]]>