डोनाल्ड ट्रंप – Live Halchal https://livehalchal.com Latest News, Updated News, Hindi News Portal Sun, 01 Feb 2026 05:38:43 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=6.9.10 https://livehalchal.com/wp-content/uploads/2023/10/cropped-Live-Halchal-512-32x32.jpg डोनाल्ड ट्रंप – Live Halchal https://livehalchal.com 32 32 ‘वेनेजुएला का तेल खरीदेगा भारत’, डोनाल्ड ट्रंप का बयान; बोले-समझौते की रूपरेखा तैयार https://livehalchal.com/%e0%a4%b5%e0%a5%87%e0%a4%a8%e0%a5%87%e0%a4%9c%e0%a5%81%e0%a4%8f%e0%a4%b2%e0%a4%be-%e0%a4%95%e0%a4%be-%e0%a4%a4%e0%a5%87%e0%a4%b2-%e0%a4%96%e0%a4%b0%e0%a5%80%e0%a4%a6%e0%a5%87%e0%a4%97%e0%a4%be/658028 Sun, 01 Feb 2026 05:38:35 +0000 https://livehalchal.com/?p=658028 भारत वेनेजुएला से तेल खरीदेगा। अमेरिका के वेनेजुएला तेल भंडार पर नियंत्रण के बाद अब भारत बड़ी डील करने जा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने बयान में कहा कि भारत वेनेजुएला का तेल खरीदेगा। समझौते की रूपरेखा तैयार कर ली गई है। वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने हाल ही में …]]>

भारत वेनेजुएला से तेल खरीदेगा। अमेरिका के वेनेजुएला तेल भंडार पर नियंत्रण के बाद अब भारत बड़ी डील करने जा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने बयान में कहा कि भारत वेनेजुएला का तेल खरीदेगा। समझौते की रूपरेखा तैयार कर ली गई है।

वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से फोन पर बातचीत की थी। अमेरिकी की पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो पर लिए गए एक्शन के बाद वेनेजुएला की भारत से यह पहली वार्ता की। अब इस कड़ी में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने तेल खरीद पर भारत को लेकर बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि भारत पहले ही तेल खरीदने के लिए एक समझौता कर चुका है।

तेल खरीद पर भारत को लेकर ट्रंप का बयान
डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार (01 फरवरी) को कहा कि भारत ईरान से कच्चा तेल खरीदने के बजाए वेनेजुएला से तेल आयात करेगा। फ्लोरिडा जाते समय एयर फोर्स वन में मीडिया से बात करते हुए ट्रंप ने कहा, ‘हमने पहले ही समझौता कर लिया है। भारत इसमें शामिल हो रहा है और वह ईरान से तेल खरीदने के बजाए वेनेजुएला से तेल खरीदेगा। इसलिए हमने समझौते की रूपरेखा तैयार कर ली है।’

वेनेजुएला से तेल खरीदेगा भारत
उन्होंने आगे कहा, ‘हमने पहले ही समझौता कर लिया है। भारत इसमें शामिल हो रहा है और वह ईरान से तेल खरीदने के बजाए वेनेजुएला से तेल खरीदेगा। हमने पहले ही समझौता कर लिया है। भारत इसमें शामिल हो रहा है और वे आ रहे हैं, हमने पहले ही उस समझौते पर सहमति बना ली है, समझौते की अवधारणा तैयार कर ली है।’ फिलहाल भारत की ओर से अभी ट्रंप की टिप्पकी पर किसी तरह की कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।

चीन को भी डील के लिए बुलाया
इसी के साथ डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला का तेल खरीदने के लिए चीन से भी तेल खरीदने की अपील की। उन्होंने कहा कि चीन का स्वागत है, वे आएं और तेल पर एक शानदार डील करें। हमने पहले ही एक डील (भारत से) कर ली है। बता दें कि इससे पहले ट्रंप ने बताया था कि वेनेजुएला ने वॉशिंगटन को 52 अरब अमेरिकी डॉलर मूल्य के 50 मिलियन बैरल तेल की पेशकश की है, और उन्होंने उस सौदे पर सहमति जताई है।

ट्रंप के बयान पर कांग्रेस ने सरकार को घेरा
इधर, ट्रंप के भारत के वेनेजुएला से तेल खरीदने के बयान पर कांग्रेस ने मोदी सरकार पर निशाना साधा है। कांग्रेस ने केंद्र को घेरते हुए कहा कि अमेरिकी नेता हमारी अपनी सरकार ने जो किया है या करने वाली है, उसके बारे में जानकारी देना जारी रखे हुए हैं। कांग्रेस के संचार प्रभारी महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर ट्रंप की टिप्पणियों का ऑडियो साझा किया और कहा, ‘उन्होंने (ट्रंप ने) हमें बताया था कि ऑपरेशन सिंदूर रोक दिया गया है। उन्होंने हमें बताया था कि भारत ने रूस से तेल खरीदना बंद कर दिया है। और अब यह।’ रमेश ने एक्स पर कहा, “राष्ट्रपति ट्रंप हमें लगातार इस बात की जानकारी दे रहे हैं कि हमारी अपनी सरकार ने क्या किया है या क्या करने वाली है।’

डेल्सी रोड्रिग्ज की पीएम मोदी से वार्ता
बता दें कि शुक्रवार (30 जनवरी) को वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से फोन पर वार्ता की। जिसमें दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय साझेदारी मजबूत करने पर चर्चा हुई। एक्स पोस्ट में पीएम मोदी ने बताया कि वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज से बात हुई। हमने सभी क्षेत्रों में अपनी द्विपक्षीय साझेदारी को और गहरा करने व विस्तार देने पर सहमति जताई है, ताकि आने वाले वर्षों में भारत-वेनेजुएला संबंधों को नई ऊंचाइयों तक ले जाया जा सके।

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अमेरिका में 5.5 करोड़ वीजा पर लटकी तलवार! ट्रक ड्राइवरों पर भी लग सकता है बैन https://livehalchal.com/%e0%a4%85%e0%a4%ae%e0%a5%87%e0%a4%b0%e0%a4%bf%e0%a4%95%e0%a4%be-%e0%a4%ae%e0%a5%87%e0%a4%82-5-5-%e0%a4%95%e0%a4%b0%e0%a5%8b%e0%a4%a1%e0%a4%bc-%e0%a4%b5%e0%a5%80%e0%a4%9c%e0%a4%be-%e0%a4%aa%e0%a4%b0/628468 Fri, 22 Aug 2025 06:40:44 +0000 https://livehalchal.com/?p=628468 डोनाल्ड ट्रंप ने जब से अमेरिका के राष्ट्रपति पद की कमान संभाली है, तब से वह लगातार अवैध अप्रवासी के खिलाफ एक्शन से रहे हैं। इस बीच अमेरिकी प्रशासन ने एक बड़ा फैसला लिया है।दरअसल, अमेरिका ने सभी विदेशी ट्रक ड्राइवरों के लिए वीजा जारी करना तुरंत बंद कर दिया है। इस बात की जानकारी …]]>

डोनाल्ड ट्रंप ने जब से अमेरिका के राष्ट्रपति पद की कमान संभाली है, तब से वह लगातार अवैध अप्रवासी के खिलाफ एक्शन से रहे हैं। इस बीच अमेरिकी प्रशासन ने एक बड़ा फैसला लिया है।दरअसल, अमेरिका ने सभी विदेशी ट्रक ड्राइवरों के लिए वीजा जारी करना तुरंत बंद कर दिया है। इस बात की जानकारी अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर दी।

विदेशी ट्रक ड्राइवरों की नो एंट्री
21 अगस्त को एक पोस्ट में अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने लिखा कि हम तत्काल प्रभाव से कमर्शियल ट्रक ड्राइवरों के लिए वर्कर वीजा जारी करने पर रोक लगा रहे हैं।बताया जा रहा है कि इस फैसले के पीछे की वजह अवैध रूप से अमेरिका गया हरजिंदर सिंह है, जिसकी एक गलती से एक बड़ा सड़क हादसा हो गया, जिसमें 3 लोगों की जान चली गई।

अमेरिका के विदेश मंत्री ने क्या कहा?
एक्स पर एक पोस्ट में अमेरिकी विदेश मंत्री ने लिखा कि हम तत्काल प्रभाव से वाणिज्यिक ट्रक चालकों के लिए श्रमिक वीजा जारी करना रोक रहे हैं। अमेरिकी सड़कों पर बड़े ट्रैक्टर-ट्रेलर ट्रक चलाने वाले विदेशी चालकों की बढ़ती संख्या अमेरिकी जीवन को खतरे में डाल रही है और अमेरिकी ट्रक चालकों की आजीविका को प्रभावित कर रही है।

क्यों लिया गया ये फैसला?
ध्यान देने योग्य है कि अमेरिकी विदेश मंत्री की ये घोषणा अमेरिकी गृह सुरक्षा विभाग (डीएचएस) द्वारा हरजिंदर सिंह के लिए गिरफ्तारी वारंट जारी करने के तुरंत बाद आई है। बता दें कि डीएचएस ने फ्लोरिडा राजमार्ग सुरक्षा एवं मोटर वाहन विभाग के हवाले से बताया कि सिंह नामक एक अवैध विदेशी ने 12 अगस्त को केवल आधिकारिक उपयोग वाले प्रवेश बिंदु से अवैध रूप से यू-टर्न लेने का प्रयास किया, जिससे उसके ट्रक ने राजमार्ग की सभी लेन अवरुद्ध कर दीं और परिणामस्वरूप दुर्घटना हो गई, जिसमें 3 लोगों की मौत हो गई।

ट्रक ड्राइवरों को जारी किया गया था ये निर्देश
बता दें कि इससे पहले अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अप्रैल के अंत में एक आदेश जारी किया थी। इस आदेश के अनुसार, अमेरिका में संचालित सभी वाणिज्यिक ट्रक ड्राइवरों को अंग्रेजी में दक्ष होना अनिवार्य किया गया था।
वहीं, द हिल ने व्हाइट हाउस के एक आदेश का हवाला देते हुए बताया कि ट्रक चालकों को ट्रैफिक संकेतों को पढ़ने और समझने, ट्रैफिक सुरक्षा सीमा गश्ती, कृषि चौकियों और कार्गो भार-सीमा स्टेशन अधिकारियों से संवाद करने में सक्षम होना चाहिए।
इस आदेश में आगे बताया गया कि गुरुवार को अमेरिकी विदेश विभाग ने पुष्टि की कि वह 5.5 करोड़ से ज्यादा अमेरिकी वीजा धारकों की संभावित निर्वासन योग्य उल्लंघनों के लिए समीक्षा कर रहा है।
जिसमें आपराधिक गतिविधि, वीजा अवधि से ज्यादा समय तक रुकना और किसी भी प्रकार की आतंकवादी गतिविधि में शामिल होने से जुड़े मामले की जांच की जाएगी।

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भारत पर ट्रंप के टैरिफ से भड़क उठा चीन https://livehalchal.com/%e0%a4%ad%e0%a4%be%e0%a4%b0%e0%a4%a4-%e0%a4%aa%e0%a4%b0-%e0%a4%9f%e0%a5%8d%e0%a4%b0%e0%a4%82%e0%a4%aa-%e0%a4%95%e0%a5%87-%e0%a4%9f%e0%a5%88%e0%a4%b0%e0%a4%bf%e0%a4%ab-%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%ad/626418 Fri, 08 Aug 2025 10:18:41 +0000 https://livehalchal.com/?p=626418 भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक रिश्तों में काफी तनाव आ गया है। हाल में ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर अतिरिक्त 25 प्रतिशत टैरिफ लगाने का फैसला लिया। ट्रंप के इस फैसले ने राजनीतिक और कूटनतिक तौर पर हलचल मचा दी है। डोनाल्ड ट्रंप के इस फैसले की चारों ओर आलोचना हो …]]>

भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक रिश्तों में काफी तनाव आ गया है। हाल में ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर अतिरिक्त 25 प्रतिशत टैरिफ लगाने का फैसला लिया। ट्रंप के इस फैसले ने राजनीतिक और कूटनतिक तौर पर हलचल मचा दी है।

डोनाल्ड ट्रंप के इस फैसले की चारों ओर आलोचना हो रही है। अब चीन भी खुलकर भारत पर ट्रंप की ओर से थोपे गए टैरिफ की आलोचना कर रहा है। गुरुवार को चीन राजदूत ने ट्रंप के टैरिफ वाले फैसले को गलत ठहराया और ट्रंप को बदमाश कहकर निशाना साधा। इतना ही नहीं चीन ने इसे वैश्विक व्यापार व्यवस्था के लिए भी खतरा बताया।

चीनी राजदूत ने ट्रंप के फैसले पर की तीखी टिप्पणी
जानकारी दें कि नई दिल्ली में चीनी राजदूत शू फेइहोंग ने गुरुवार को अमेरिका के राष्ट्रपति पर निशाना साधा। उन्होंने ट्रंप के इस टैरिफ के फैसले की आलोचना की। उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को बदमाश तक कह दिया।

ये घटनाक्रम ऐसे समय पर हुआ है, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जल्द ही चीन की यात्रा कर सकते हैं। जहां पर वह एससीओ की बैठक में हिस्सा लेंगे। बता दें कि बिना किसी का नाम लिए चीनी राजदूत शू फेइहोंग ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि बदमाश को अगर एक इंच दिया जाए तो वह एक मील ले लेता है।

इस दौरान उन्होंने चीनी विदेश मंत्री वांग यी और ब्राजील के राष्ट्रपति के मुख्य सलाहकार के बीच हालिया फोन कॉल का एक अंश भी शेयर किया। इस बातचीत में वांग यी ने कहा है कि अन्य देशों को दबाने के लिए संयुक्त राष्ट्र चार्टर का उल्लंघन है और यह विश्व व्यापार संगठन के नियमों की भी अवहेलना है।

अमेरिका ने भारत पर लगाया 50 प्रतिशत टैरिफ
बता दें कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर अतिरिक्त 25 प्रतिशत टैरिफ लगाने का एलान किया है। इससे भारत पर अमेरिका द्वारा लगाया जा रहा टैरिफ सीधे दोगुना होने के साथ 50 प्रतिशत हो गया है।

डोनाल्ड ट्रंप ने धमकी देते हुए कहा कि भारत को रूस के साथ तेल व्यापार खत्म करना चाहिए। हालांकि, भारत की ओर से करारा जवाब भी अमेरिका को दिया गया। भारत ने कहा कि जो खुद रूस के साथ व्यापार करते हैं वह भारत को रूस से व्यापार करने के लिए रोक रहे हैं।

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ट्रंप ने 7 महीने में ही 1700 भारतीयों को अमेरिका से निकाला बाहर https://livehalchal.com/%e0%a4%9f%e0%a5%8d%e0%a4%b0%e0%a4%82%e0%a4%aa-%e0%a4%a8%e0%a5%87-7-%e0%a4%ae%e0%a4%b9%e0%a5%80%e0%a4%a8%e0%a5%87-%e0%a4%ae%e0%a5%87%e0%a4%82-%e0%a4%b9%e0%a5%80-1700-%e0%a4%ad%e0%a4%be%e0%a4%b0/625586 Sat, 02 Aug 2025 07:23:57 +0000 https://livehalchal.com/?p=625586 इस साल जनवरी में डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद से अमेरिका से भारतीयों के निर्वासन में जबदस्त उछाल आया है। इससे पहले जो बाइडन के कार्यकाल के दौरान के आंकड़ों पर अगर गौर किया जाए तो ये संख्या दो गुनी से ज्यादा है। इस साल औसतन हर दिन कम से कम 8 भारतीयों …]]>

इस साल जनवरी में डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद से अमेरिका से भारतीयों के निर्वासन में जबदस्त उछाल आया है। इससे पहले जो बाइडन के कार्यकाल के दौरान के आंकड़ों पर अगर गौर किया जाए तो ये संख्या दो गुनी से ज्यादा है।

इस साल औसतन हर दिन कम से कम 8 भारतीयों को निर्वासित किया गया है, जबकि 2020 से दिसंबर 2024 के बीच ये संख्या प्रतिदिन लगभग 3 थी। विदेश मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक, जनवरी 2020 से जुलाई 2025 के बीच साढ़े पांच सालों में 7,244 भारतीयों को अलग-अलग कारणों से निर्वासित किया गया और उनमें से लगभग एक चौथाई 1,703 ट्रंप के दूसरी बार पदभार ग्रहण करने के बाद वापस भेजे गए।

डोनाल्ड ट्रंप के आने के बाद कड़ी हुई आव्रजन नीति
ट्रंप प्रशासन ने 2025 की शुरुआत से ही आव्रजन नीति को कड़ा कर दिया। विदेश विभाग ने कहा, “हम वीजा धारकों की लगातार जांच करते हैं ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि वे सभी अमेरिकी कानूनों और आव्रजन नियमों का पालन कर रहे हैं। अगर वो ऐसा नहीं कर रहे हैं तो हम वीजा रद कर देंगे और उन्हें निर्वासित कर देंगे।”

अमेरिका ने कैसे की भारतीयों की वापसी?
विदेश मंत्रालय के मुताबिक, इस साल निर्वासित किए गए 1703 लोगों में से 864 का निर्वासन चार्टर और सैन्य उड़ानों के जरिए हुआ। अमेरिकी सीमा शुल्क और सीमा सुरक्षा (सैन्य उड़ानों) ने 5, 15 और 16 फरवरी को 333 लोगों को वापस भेजा। अमेरिकी आव्रजन और सीमा शुल्क प्रवर्तन (आईसीई) ने प्रवर्तन और निष्कासन अभियानों के जरिए 19 मार्च, 8 जून और 25 जून के चार्टर फ्लाइट के जरिए कुल 231 लोगों को निर्वासित किया।

होमलैंड सुरक्षा विभाग (डीएचएस) ने भी चार्टर के जरिए 5 और 18 जुलाई को 300 लोगों को वापस भारत भेजा। इसके अलावा, 747 भारतीयों को व्यवसायिक उड़ानों के जरिए वापस भेजा गया। पनामा से भी 72 लोगों की वापसी इसी दौरान हुई।

इन राज्यों के लोगों की हुई वापसी
अगर राज्यवार देखा जाए तो सबसे ज्यादा पंजाब के 620 लोगों को डिपोर्ट किया गया। इसके बाद हरियाणा के 604, गुजरात के 245, उत्तर प्रदेश के 38, गोवा के 26, महाराष्ट्र और दिल्ली के 20-20, तेलंगाना के 19, तमिलनाडु के 17, आंध्र प्रदेश और उत्तराखंड के 12 और कर्नाटक के 5 लोगों को वापस भेजा गया।

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‘भारत पर 25% टैरिफ फाइनल नहीं… अभी बातचीत जारी’, ट्रंप का नया बयान https://livehalchal.com/%e0%a4%ad%e0%a4%be%e0%a4%b0%e0%a4%a4-%e0%a4%aa%e0%a4%b0-25-%e0%a4%9f%e0%a5%88%e0%a4%b0%e0%a4%bf%e0%a4%ab-%e0%a4%ab%e0%a4%be%e0%a4%87%e0%a4%a8%e0%a4%b2-%e0%a4%a8%e0%a4%b9%e0%a5%80%e0%a4%82/625338 Thu, 31 Jul 2025 11:45:39 +0000 https://livehalchal.com/?p=625338 अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर 25 फीसदी टैरिफ और रूस से तेल खरीदने की वजह से पेनल्टी का ऐलान कर दुनिया को चौंका दिया है। यह फैसला 1 अगस्त से लागू होगा। ट्रंप ने कहा कि भारत दुनिया में सबसे ज्यादा टैरिफ लगाने वाले देशों में से एक है, जिसके चलते अमेरिका को …]]>

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर 25 फीसदी टैरिफ और रूस से तेल खरीदने की वजह से पेनल्टी का ऐलान कर दुनिया को चौंका दिया है।

यह फैसला 1 अगस्त से लागू होगा। ट्रंप ने कहा कि भारत दुनिया में सबसे ज्यादा टैरिफ लगाने वाले देशों में से एक है, जिसके चलते अमेरिका को भारी व्यापारिक नुकसान हो रहा है। इसके साथ ही, उन्होंने भारत को ब्रिक्स (BRICS) देशों का हिस्सा बताते हुए इसे “अमेरिका विरोधी” गठबंधन करार दिया।

ट्रंप ने व्हाइट हाउस में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, “हम भारत से बात कर रहे हैं। देखते हैं क्या होता है। भारत के टैरिफ 100-150 फीसदी तक हैं, जो दुनिया में सबसे ज्यादा हैं।” उन्होंने यह भी कहा कि भारत रूस से सबसे ज्यादा सैन्य उपकरण और तेल खरीदता है। ये यूक्रेन युद्ध के समय में ठीक नहीं है।

ट्रंप ने कहा है कि भारत पर 25 फीसदी टैरिफ की बात अभी फाइनल नहीं है, इस हफ्ते के अंत तक देखते हैं क्या होता है।

‘भारत हमारा दोस्त लेकिन…’

ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा, “भारत हमारा दोस्त है, लेकिन उनके टैरिफ बहुत ज्यादा हैं। वे हमारे साथ कम व्यापार करते हैं क्योंकि उनके गैर-मौद्रिक व्यापार नियम बहुत सख्त हैं।”

उन्होंने भारत को चेतावनी दी कि 1 अगस्त से 25% टैरिफ के साथ-साथ रूस से तेल खरीदने की पेनल्टी भी लागू होगी। ट्रंप ने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना दोस्त बताया, लेकिन साथ ही कहा कि भारत के साथ अमेरिका का व्यापार घाटा बहुत ज्यादा है।

उन्होंने कहा, “मोदी मेरे दोस्त हैं, लेकिन भारत हमें बहुत कुछ बेचता है, जबकि हम उनसे कम खरीदते हैं क्योंकि उनके टैरिफ बहुत ज्यादा हैं।”

ट्रंप ने यह भी दावा किया कि भारत अब टैरिफ कम करने को तैयार है और इस हफ्ते के अंत तक कोई फैसला हो सकता है।

भारत सरकार ने टैरिफ को लेकर क्या कहा?

भारत सरकार ने ट्रंप के इस बयान पर प्रतिक्रिया दी है। सरकार ने कहा कि वह इस बयान के असर का अध्ययन कर रही है। भारत और अमेरिका पिछले कुछ महीनों से एक निष्पक्ष और दोनों के लिए फायदेमंद व्यापार समझौते पर बातचीत कर रहे हैं। भारत ने साफ किया कि वह इस लक्ष्य के लिए प्रतिबद्ध है।

सरकार ने यह भी कहा कि वह अपने किसानों, उद्यमियों और छोटे-मध्यम उद्योगों (MSMEs) के हितों की रक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाएगी। भारत ने हाल ही में यूके के साथ व्यापक आर्थिक और व्यापार समझौता किया था और उसी तरह राष्ट्रीय हितों को प्राथमिकता दी जाएगी।

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