आईएमएफ – Live Halchal https://livehalchal.com Latest News, Updated News, Hindi News Portal Sun, 02 Mar 2025 10:38:48 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=6.9.10 https://livehalchal.com/wp-content/uploads/2023/10/cropped-Live-Halchal-512-32x32.jpg आईएमएफ – Live Halchal https://livehalchal.com 32 32 आईएमएफ का रिपोर्ट: 6.5% की दर से बढ़ेगी भारत की जीडीपी https://livehalchal.com/%e0%a4%86%e0%a4%88%e0%a4%8f%e0%a4%ae%e0%a4%8f%e0%a4%ab-%e0%a4%95%e0%a4%be-%e0%a4%b0%e0%a4%bf%e0%a4%aa%e0%a5%8b%e0%a4%b0%e0%a5%8d%e0%a4%9f-6-5-%e0%a4%95%e0%a5%80-%e0%a4%a6%e0%a4%b0-%e0%a4%b8%e0%a5%87/604839 Sun, 02 Mar 2025 10:38:46 +0000 https://livehalchal.com/?p=604839 मजबूत निजी निवेश और व्यापक आर्थिक स्थिरता के दम पर भारत की सकल घरेलू उत्पाद यानी जीडीपी दर 2025-26 में 6.5 फीसदी की दर से बढ़ेगी। इस आधार पर यह सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था के रूप में अपनी स्थिति बरकरार रखेगा। अंतरराष्ट्रीय मौद्रिक कोष (आईएमएफ) की रिपोर्ट के अनुसार, भारत का मजबूत आर्थिक …]]>

मजबूत निजी निवेश और व्यापक आर्थिक स्थिरता के दम पर भारत की सकल घरेलू उत्पाद यानी जीडीपी दर 2025-26 में 6.5 फीसदी की दर से बढ़ेगी। इस आधार पर यह सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था के रूप में अपनी स्थिति बरकरार रखेगा। अंतरराष्ट्रीय मौद्रिक कोष (आईएमएफ) की रिपोर्ट के अनुसार, भारत का मजबूत आर्थिक प्रदर्शन देश को 2047 तक एक उन्नत अर्थव्यवस्था बनने की महत्वाकांक्षा को साकार करने के लिए महत्वपूर्ण और चुनौतीपूर्ण संरचनात्मक सुधारों को आगे बढ़ाने का अवसर प्रदान करता है।

भारत सरकार के दूसरे अग्रिम अनुमान के अनुसार, 2024-25 के दौरान देश की अर्थव्यवस्था के 6.5 फीसदी की दर से बढ़ने की उम्मीद है। खाद्य कीमतों के झटके कम होने के कारण मुख्य महंगाई लक्ष्य के अनुरूप होने की उम्मीद है। आईएमएफ ने कहा, निजी निवेश, रोजगार को बढ़ावा देने और विकास को आगे बढ़ाने के लिए संरचनात्मक सुधारों के गहन कार्यान्वयन की जरूरत है। आईएमएफ ने कहा, गुणवत्ता वाली नौकरियां पैदा करने, निवेश को बढ़ावा देने और उच्च संभावित विकास को प्राप्त करने के लिए व्यापक संरचनात्मक सुधार महत्वपूर्ण हैं। प्रयासों को श्रम बाजार सुधारों को लागू करने, मानव पूंजी को मजबूत करने और श्रम बल में महिलाओं की अधिक भागीदारी का समर्थन करने पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए।

निजी निवेश और एफडीआई बढ़ाने की जरूरत
रिपोर्ट के अनुसार, निवेश और एफडीआई को बढ़ावा देना महत्वपूर्ण है। इसके लिए स्थिर नीति ढांचे, व्यापार करने में अधिक आसानी, गवर्नेंस सुधार और व्यापार एकीकरण में वृद्धि की जरूरत है। इनमें टैरिफ और गैर-टैरिफ कटौती दोनों उपाय शामिल होंगे। हालिया नरमी के बावजूद भारत की आर्थिक वृद्धि मजबूत बनी हुई है।

]]>
आईएमएफ: नकदी संकट से जूझ रहे पाकिस्तान ने मांगा 24वां बेलआउट पैकेज https://livehalchal.com/%e0%a4%86%e0%a4%88%e0%a4%8f%e0%a4%ae%e0%a4%8f%e0%a4%ab-%e0%a4%a8%e0%a4%95%e0%a4%a6%e0%a5%80-%e0%a4%b8%e0%a4%82%e0%a4%95%e0%a4%9f-%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%9c%e0%a5%82%e0%a4%9d-%e0%a4%b0%e0%a4%b9/549087 Thu, 21 Mar 2024 10:32:05 +0000 https://livehalchal.com/?p=549087 नकदी संकट से जूझ रहा पाकिस्तान दीर्घकालिक संरचनात्मक सुधार के तहत स्थायी प्रोत्साहन के लिए 24वां बेलआउट पैकेज की मांग कर रहा है। पाकिस्तान में आईएमएफ मिशन प्रमुख, नाथन ने कहा कि पहली समीक्षा के बाद के महीनों में पाकिस्तान की आर्थिक और वित्तीय स्थिति में सुधार हुआ है। नकदी संकट से जूझ रहा पाकिस्तान …]]>

नकदी संकट से जूझ रहा पाकिस्तान दीर्घकालिक संरचनात्मक सुधार के तहत स्थायी प्रोत्साहन के लिए 24वां बेलआउट पैकेज की मांग कर रहा है। पाकिस्तान में आईएमएफ मिशन प्रमुख, नाथन ने कहा कि पहली समीक्षा के बाद के महीनों में पाकिस्तान की आर्थिक और वित्तीय स्थिति में सुधार हुआ है।

नकदी संकट से जूझ रहा पाकिस्तान दीर्घकालिक संरचनात्मक सुधार के तहत स्थायी प्रोत्साहन के लिए 24वें मध्यम अवधि के बेलआउट पैकेज की मांग कर रहा है। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष(आईएमएफ) ने इसकी जानकारी दी। जारी बयान के मुताबिक, पिछले साल जुलाई में स्वीकृत आईएमएफ की तीन अरब अमेरिकी डॉलर की स्टैंडबाय व्यवस्था द्वारा समर्थित पाकिस्तान के स्थिरीकरण कार्यक्रम की दूसरी और अंतिम समीक्षा पर पाकिस्तानी अधिकारियों के साथ कर्मचारी स्तर के समझौते पर पहुंची है।

पाकिस्तान में आर्थिक सुधार पर जोर
पिछले कार्यक्रमों की तरह चार केंद्रीय क्षेत्र सुधारों पर ध्यान केंद्रित रहेंगे। लगभग 36 से 39 महीनों के अगले मध्यम अवधि के कार्यक्रम विस्तारित फंड सुविधा का शीर्ष उद्देश्य सार्वजनिक वित्त को मजबूत करना होगा, जिसमें राजकोषीय समेकन (fiscal consolidation) और कर आधार को व्यापक बनाना शामिल है।

चार केंद्रीय क्षेत्र सुधारों पर मुख्य फोकस
अगले कार्यक्रम का दूसरा उद्देश्य लागत कम करने वाले सुधारों में तेजी लाकर ऊर्जा क्षेत्र की व्यवहार्यता को बहाल करना होगा। तीसरा मुख्य उद्देश्य मुद्रास्फीति को लक्ष्य पर लौटाना है, अधिक पारदर्शी लचीले विदेशी मुद्रा बाजार के साथ बाहरी पुनर्संतुलन और विदेशी मुद्रा भंडार के पुनर्निर्माण का समर्थन करना है। चौथा और अंतिम महत्वपूर्ण उद्देश्य निजी नेतृत्व वाली गतिविधि को बढ़ावा देना होगा, साथ ही क्षेत्र के प्रदर्शन में सुधार के लिए राज्य के स्वामित्व वाले उद्यमों (एसओई) सुधारों को आगे बढ़ाना और मानव में निवेश को बढ़ाना होगा।

पाकिस्तान की आर्थिक और वित्तीय स्थिति में हुआ सुधार- नाथन
पाकिस्तान में आईएमएफ मिशन प्रमुख, नाथन ने कहा कि पहली समीक्षा के बाद के महीनों में पाकिस्तान की आर्थिक और वित्तीय स्थिति में सुधार हुआ है। नीति प्रबंधन, बहुपक्षीय और द्विपक्षीय भागीदारों से प्रवाह की बहाली के कारण विकास और आत्मविश्वास में सुधार जारी है।

]]>